विश्व योग दिवस विश्व योग दिवस
मनोशारीरिक रूप से स्वस्थ व्यक्ति ही स्वस्थ समाज सृजनार्थ स्वस्थ सहभागिता निभाने में सक्षम होता है।हमारी चित्त-वृत्तियों की शुद्धता का सीधा प्रभाव शारीरिक स्वास्थ्य... विश्व योग दिवस


मनोशारीरिक रूप से स्वस्थ व्यक्ति ही स्वस्थ समाज सृजनार्थ स्वस्थ सहभागिता निभाने में सक्षम होता है।हमारी चित्त-वृत्तियों की शुद्धता का सीधा प्रभाव शारीरिक स्वास्थ्य पर पड़ता है।भारतीय धर्म, संस्कृति और दर्शन के अतीत की ओर झाँके तो सर्व जीवन आयामों को संतुलित एवं स्वस्थ रखने के लिए देश के ऋषियों और महर्षियों द्वारा भी “योग तथा प्राणायाम” को सदैव शामिल किया जाता रहा है।
भारत के प्रधानमंत्री माननीय नरेंद्र दामोदर दास मोदी के विश्व संस्था संयुक्त राष्ट्र संघ की सबसे बड़ी सभा महासभा के अधिवेशन में योग दिवस मनाने की प्रथमतः पहल 27 सितम्बर 2014 को अपने भाषण दौरान की गई।अपने भाषण में आपने कहा था कि-
“योग भारत की प्राचीन परंपरा का एक अमूल्य योगदान है, जो मानसिक एवं शारीरिक एकता का प्रतीक है।………..तो आइए एक अंतरराष्ट्रीय योग दिवस को गोद लेने की दिशा में काम करते हैं।”
“प्रधानमंत्री के योग संदर्भित विचारों की प्रासंगिकता तत्समय ही इतनी प्रभावक रही कि नेपाल के प्रधानमंत्री सुशील कोइराला के प्रथमतःअनु समर्थित प्रस्ताव के साथ संघ के 177 देशों के समर्थन (सबसे ज्यादा देशों का समर्थन प्राप्त)बीच, सबसे कम समय(मात्र 90 दिन)में पारित यह प्रस्ताव दीर्घायुता प्रदायक “योग का अंतरराष्ट्रीय दिवस”वसुन्धरा पर दिवाकर की किरणों के सबसे ज्यादा देर तक टिकने के दिन अर्थात् 21 जून के दिन मनाने की स्वीकारिता के बीच फलित हो गई।”
तनाव व चिंता जैसे मनोरोगों को शमित करने में सहायक, हृदय को स्वस्थ रखने, रक्त सुगर को कम करने,खराब कोलेस्ट्रॉल को कम रखने और अच्छे कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ाने में मदददायी योग का प्रथम अंतरराष्ट्रीय दिवस 21 जून 2015 को वैश्विक स्तर पर मनाया गया।
“योग सिद्धि तो शरीर शुद्धि”, “करो योग रहो निरोग” आदि अनेक विचार भावों की उद्गरिता बीच जिस योग साधना ने अपने अप्रतिम पहचान विश्व स्तर पर कायम की, उसे व्यवहार में लाने में महर्षि महेश योगी के शिष्य,अंतरराष्ट्रीय आध्यात्मिक नेता, मानवतावादी धर्म गुरु,आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्री श्री रवि शंकर का योगदान कम नहीं है।
“योगः कर्मसु कौशलम्,समत्वंयोग उच्यते आदि अतीत गत विचार भावों की दिग्दर्शिता से प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय योग दिवस दीर्घायुता की कामना के साथ सबसे लम्बे (दिन21जून) को मनाया जाता है।”

         मौलिक लेखक
    सुरेश लाल श्रीवास्तव
             प्रधानाचार्य

राजकीय विद्यालय अम्बेडकरनगर

Times Todays News

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